उत्तर प्रदेश में कर्मचारियों के लिए बड़ा अपडेट सामने आया है। उत्तर प्रदेश के कर्मचारियों के भत्तों पर कैंची चलने वाली है। आठवें वेतन आयोग का इंतजार कर रहे कर्मचारियों को सरकार की ओर से बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं। इसको लेकर एक विस्तृत रिपोर्ट सामने आई है।
उत्तर प्रदेश में कर्मचारियों को सातवें वेतन आयोग के तहत सैलरी मिल रही है। सातवें वेतन आयोग के तहत कर्मचारियों को बेसिक सैलरी में कई प्रकार के भत्ते दिए जा रहे हैं। इन भत्तों को मिलने के बाद कर्मचारियों की वास्तविक सैलरी बनती है। अब कर्मचारियों को बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।
आठवें वेतन आयोग में ऐसे बढ़ेगी सैलरी
उत्तर प्रदेश में कर्मचारियों की 8वें वेतन आयोग (8th pay commission) के तहत सैलरी बढ़ाई जाएगी। सातवें वेतन आयोग में 2.57 का फिटमेंट फैक्टर लागू किया गया था। जिससे कर्मचारियों की औसत सैलरी में 23.55% की बढ़ोतरी दर्ज की गई थी। जबकि अब छठे वेतन आयोग में 1.86 फिटमेंट फैक्टर लागू किया गया था। इस बार भी उत्तर प्रदेश में फिटमेंट फैक्टर के आधार पर ही कर्मचारियों की सैलरी बढ़ेगी।
7वें वेतन आयोग में भत्ते किए गए थे खत्म
सातवें वेतन आयोग में भी कर्मचारियों के अलाउंस (UP employees) पर कैंची चली थी। 196 अलाउंस को रिव्यू किया गया था। इसमें बहुत सारे भत्ते ऐसे थे जो कम इस्तेमाल में आ रहे थे। 52 भत्तों को खत्म कर दिया गया था और 36 अलाउंस को दूसरे अलाउंस में मर्ज किया गया था। कुछ अलाउंस का नाम और स्ट्रक्चर भी बदल गया था। इससे कर्मचारियों का सैलरी स्ट्रक्चर सरल और पारदर्शी बन गया था।
क्या है आठवें वेतन आयोग की उम्मीद
एक रिपोर्ट के अनुसार एक्सपर्ट का मानना है कि सातवें वेतन आयोग (7th pay commission UP) की तरह आठवें वेतन आयोग में भी भत्तों पर कैंची चल सकती है। आठवें वेतन आयोग में भी भत्ते खत्म किए जा सकते हैं। भत्तों को जोड़कर सैलेरी स्ट्रक्चर को आसान बनाया जा सकता है और बेसिक सैलरी और महंगाई भत्ते को ध्यान में रखते हुए छोटे भत्तों को हटाया जा सकता है।
किन भत्तों पर पड़ सकता है असर
अब तक उत्तर प्रदेश में भत्तों को लेकर कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है। फिर भी कई भत्ते लोगों को प्रभावित कर सकते हैं। यात्रा भत्ता (TA) , विशेष ड्यूटी भत्ता, छोटे क्षेत्रीय भत्ते, पुराने भत्ते प्रभावित हो सकते हैं। इसके अलावा मोबाइल इंटरनेट भत्ता बढ़ सकता है, जबकि मोबाइल रिचार्ज के लिए उलाउंस में कटौती की जा सकती है।
क्या होगा कर्मचारियों पर असर
उत्तर प्रदेश में भत्तों में बदलाव करने से कर्मचारियों पर काफी असर पड़ सकता है। इससे सैलरी में बढ़ोतरी (Salary Hike) भी हो सकती है और सैलरी कम भी हो सकती है। बेसिक सैलरी और महंगाई भत्ते के आधार पर बाकी भत्तों की कैलकुलेशन होती है। ऐसे में किसी भी भत्ते के हटने से कर्मचारियों की सैलरी पर सीधा असर कर सकता है।
कब किया जाएगा नया वेतन आयोग लागू
उत्तर प्रदेश में कर्मचारियों के लिए नए वेतन आयोग (New pay commission) को 1 जनवरी 2026 से प्रभावित माना जाएगा, लेकिन अभी इसकी कोई अधिकारी घोषणा नहीं हुई है। आधिकारिक घोषणा होने के बाद उत्तर प्रदेश में जल्द से जल्द महंगाई भत्ते को लागू किया जा सकता है। 2027 तक इसकी घोषणा हो सकती है। कर्मचारियों को जितनी देरी से यह मिलना शुरू होगा, उतना ही कर्मचारियों को एरियर दिया जाएगा। उत्तर प्रदेश के 16 लाख कर्मचारी इससे प्रभावित होंगे।
