rail line doubling : रेलवे की ओर से यात्रियों के सफर को सुगम बनाने और रेलवे की सुविधाओं को आधुनिक बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। अब जल्द ही प्रशासन की ओर से रेल लाइन दोहरीकरण के लिए सर्वे (Survey for doubling of railway line) का काम किया जाएगा, जिसके बाद रेल यातायात सुगम होगा। आइए खबर के माध्यम से विस्तार से जानते हैं इस बारे में-
रेलवे का विकास प्रगति कार्य अब लगातार रफ्तार पकड़ रहा है। अब जल्द ही रेलवे की ओर से एक रेलमार्ग के दोहरीकरण (rail line doubling) की बड़ी सौगात दी जाने वाली है। अब रेल लाइन दोहरीकरण के लिए सर्वे किया जाएगा, जिसके बाद आगे का काम रफ्तार पकड़ेगा। आइए खबर में जानते हैं कि किस रेल लाइन के दोहरीकरण का काम किया जाएगा।
किस रेलवे मार्ग का होगा दोहरीकरण
बता दें कि दिल्ली-शामली-सहारनपुर रेलवे मार्ग (Delhi-Shamli-Saharanpur railway route) के दोहरीकरण का काम किया जा रहा है। हाल ही में रेलवे इंजीनियरों की टीम ने खेकड़ा इलाके में बसी अंडरपास से फखरपुर अंडरपास तक सर्वे कर मैप तैयार कर लिया है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव की ओर से गत माह बड़ौत में जो नई रेलगाड़ी के शुभारंभ कार्यक्रम का आयोजन किया गया था तो उस दौरान रेल लाइन के दोहरीकरण का ऐलान किया गया था।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने दी जानकारी
इसके बाद दिल्ली से आते समय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव (Railway Minister Ashwini Vaishnav) ने बागपत, खेकड़ा व नोली रेलवे स्टेशनों पर भी इस प्रोजेक्ट को रिपिट करते हुए तीन साल की समय-सीमा तय होने की जानकारी साझा की थी। उसके बाद अब इस प्रोजेक्ट पर काम शुरू हो गया है। हाल ही में रेलवे इंजीनियरों की टीम ने खेकड़ा के आबादी क्षेत्र का इन्स्पेकशन किया और यह आकलन किया कि दोहरीकरण का काम किस दिशा में ज्यादा बेहतर तरीके से हो सकता है।
कहां होता है रेलवे का दोहरीकरण
रेलवे इंजीनियरों की टीम (team of railway engineers) का नेतृत्व कर रहे रेलवे अधिकारी का कहना है कि वैसे तो रेलवे लाइन के दोनों तरफ पर्याप्त भूमि मौजुद रहती है, लेकिन दोहरीकरण (doubling of railway line) वहां किया जाता है, जहां तकनीकी और व्यावहारिक दृष्टि से कम परेशानी हो। सर्वे का काम पूरा होने के बाद टीम वापस दिल्ली लौट गई। रेल लाइन के दोहरीकरण से इलाके में रेल यातायात सुगम होगा।
