Railway – हरियाणा में 240 करोड़ रुपये के बजट से इस रेलवे ट्रैक का दोहरीकरण किया जा रहा है। इसी के चलते हाईटेंशन बिजली लाइनों की ऊंचाई भी बढ़ाई जाएगी, ताकि सुरक्षा मानक बनाए रखे जा सकें और रेलवे निर्माण (railway construction) कार्य सुचारू रूप से चल सके… इस परियोजना से रेल सुविधा और माल ढुलाई में तेजी आएगी-
रेवाड़ी-सादुलपुर रेलवे ट्रैक के निर्माण के चलते 132 केवी सिंगल सर्किट रेवाड़ी-बुडौली ट्रांसमिशन लाइन की ऊंचाई बढ़ाई जाएगी। यह काम टावर नंबर 9 और 11 के बीच किया जाएगा। इसके लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और इस परियोजना पर कुल 2.91 करोड़ रुपये खर्च होंगे। टेंडर जमा करने की अंतिम तिथि 5 फरवरी तय की गई है।
नई रेलवे लाइन (new railway line) के निर्माण के चलते मौजूदा हाईटेंशन लाइन और रेलवे ट्रैक के बीच सुरक्षा मानकों को बनाए रखना बेहद जरूरी है। अगर बिजली लाइनों की ऊंचाई बढ़ाई नहीं गई, तो भविष्य में ट्रेन संचालन के दौरान दुर्घटना का खतरा रह सकता है। इसी कारण इस कार्य को प्राथमिकता के साथ प्रस्तावित किया गया है।
यह कार्य तकनीकी दृष्टि से काफी संवेदनशील है, क्योंकि इसमें हाई वोल्टेज लाइन के पास काम करना होगा। सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन करते हुए लाइन की ऊंचाई बढ़ाई जाएगी, ताकि बिजली आपूर्ति बाधित न हो और रेलवे निर्माण कार्य (railway construction work) भी सुचारू रूप से जारी रह सके। इसके लिए रेलवे और बिजली विभाग के बीच समन्वय स्थापित किया गया है।
रेवाड़ी-सादुलपुर ट्रैक (142 किमी) के निर्माण को पहले ही मंजूरी दे दी गई है। 2024-25 में 240 करोड़ रुपये के बजट के साथ इस ट्रैक का दोहरीकरण कार्य जारी है। दोहरीकरण से रेवाड़ी-सादुलपुर रेलखंड (Rewari-Sadulpur railway line) पर ट्रेनों की गति और परिचालन क्षमता में वृद्धि होगी।
वर्तमान में रेवाड़ी-सादुलपुर रेलवे लाइन (Rewari-Sadulpur railway line) सिंगल है और इस मार्ग पर मालगाड़ियों समेत अन्य ट्रेनों का दबाव लगातार बढ़ रहा है। इसके अलावा, रेवाड़ी से सादुलपुर के बीच ट्रेनों की क्रॉसिंग स्टेशन (crossing station) पर ही कराई जाती है, जिससे परिचालन में देरी और जाम की समस्या रहती है।
सुपरफास्ट (superfast) और एक्सप्रेस गाड़ियों को मार्ग में आने की वजह से पैसेंजर ट्रेनों को स्टेशन पर लंबा इंतजार करना पड़ता है। रेवाड़ी-सादुलपुर रेलवे लाइन के दोहरीकरण के बाद पैसेंजर ट्रेनों का स्टेशन पर ठहराव कम हो जाएगा और सुपरफास्ट व एक्सप्रेस (express) गाड़ियों को रोकने की आवश्यकता नहीं रहेगी।
रेल सुविधा और माल ढुलाई में आएगी तेजी-
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, रेवाड़ी-सादुलपुर रेलवे लाइन के दोहरीकरण (Doubling of Rewari-Sadulpur railway line) से यात्रियों को बेहतर रेल सुविधा और माल ढुलाई में तेजी मिलेगी। ऐसे में ट्रैक के ऊपर से गुजरने वाली या उसके पास स्थित बिजली लाइनों की सुरक्षा सुनिश्चित करना अनिवार्य है। रेवाड़ी क्षेत्र में चल रही विकास परियोजनाओं (Ongoing development projects in Rewari area) के बीच यह कदम बुनियादी ढांचे को मजबूत करने में अहम माना जा रहा है। अब सबकी नजरें टेंडर प्रक्रिया और कार्य शुरू होने की तारीख पर लगी हुई हैं।
रेवाड़ी-सादुलपुर रेलखंड पर कई ट्रेनें रहेंगी प्रभावित-
उत्तर पश्चिम रेलवे की ओर से रेवाड़ी-सादुलपुर रेलखंड पर रेलवे अंडर ब्रिज (आरयूबी) का निर्माण किया जा रहा है। इसके चलते विभिन्न तिथियों पर ट्रैफिक ब्लॉक लागू होंगे, जिससे कई रेल सेवाएं प्रभावित होंगी। कुछ ट्रेनें पूरी तरह रद्द रहेंगी, जबकि कुछ के मार्ग बदले जाएंगे। उत्तर पश्चिम रेलवे (North Western Railway) के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन के अनुसार, तकनीकी कार्यों के कारण रेल यातायात प्रभावित रहेगा।
गाड़ी संख्या 54789 रेवाड़ी-बीकानेर और 54790 बीकानेर-रेवाड़ी ट्रेन 8 अप्रैल, 22 अप्रैल और 6 मई को रद्द रहेंगी। वहीं 6 मई को रेवाड़ी-जोधपुर और सीकर-रेवाड़ी ट्रेन (Sikar-Rewari train) आंशिक रूप से रद्द रहेगी। इसके अलावा कई ट्रेनें परिवर्तित मार्ग से संचालित की जाएंगी। इनमें हनुमानगढ़-जयपुर विशेष ट्रेन, हिसार-दिल्ली, बठिंडा-जयपुर, दिल्ली-हिसार, कोटा-सिरसा, दिल्ली सराय-सीकर (Delhi Sarai-Sikar) और दिल्ली सराय-जोधपुर ट्रेन (Delhi Sarai-Jodhpur train) शामिल हैं।
