New Expressway UP : उत्तर प्रदेश में सड़क कनेक्टिविटी को बेहतर करने के लिए सरकार एक्सप्रेसवे का जाल बिछा रही है। एक के बाद एक नए एक्सप्रेसवे बनाए जा रहे हैं। सरकार के इन प्रयासों के चलते यूपी देश का सबसे ज्यादा एक्सप्रेसवे वाला राज्य बन गया है। फिलहाल प्रदेश में 7 एक्सप्रेसवे संचालित है और तीन एक्सप्रेसवे पर काम चल रहा है। हाल ही में सामने आई रिपोर्ट के अनुसार यूपी का सबसे बड़ा एक्सप्रेसवे बनकर तैयार होने वाला है। इसको लेकर सरकार ने जानकारी दी है। आईये नीचे खबर में विस्तार से जानते हैं –
उत्तर प्रदेश देश का तेजी से विकसित होता हुआ राज्य है। प्रदेश में तेजी से बढ़ रही आबादी को देखते हुए सरकार नए-नए शहर डेवलप कर रही है। इसी के साथ सड़क कनेक्टिविटी का भी पूरा ध्यान रखा जा रहा है। हर शहर और कस्बे को एक्सप्रेसवे के साथ जोड़ने के लिए कई बड़ी परियोजनाओं पर काम किया जा रहा है। हाल ही में रिपोर्ट सामने आई है कि यूपी एक सबसे लंबा एक्सप्रेसवे जल्द ही बनकर तैयार होने वाला है इसे आम जनता के लिए खोला जाएगा।
एक्सप्रेसवे चालू होने की नई तारीख आई सामने –
हम जिस एक्सप्रेसवे की बात कर रहे हैं। वह गंगा एक्सप्रेसवे (Ganga Expressway Update) है। बता दें कि एक्सप्रेसवे पर ट्रैफिक शुरू कराए जाने को लेकर बड़ी जानकारी सामने आई है। पहले इस एक्सप्रेसवे का उद्घाटन जनवरी-फरवरी में होने की संभावना जताई जा रही थी। हालांकि, अब नई तारीख सामने आ चुकी है। गंगा एक्सप्रेसवे (Ganga Expressway) पर ट्रैफिक शुरू कराए जाने को लेकर योगी सरकार के मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी ने बड़ा निर्देश जारी किया है। दरअसल, गंगा एक्सप्रेसवे का काम अभी भी पूरा नहीं हुआ है।
औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी ने गंगा एक्सप्रेसवे और अन्य एक्सप्रेसवे पर चल रहे कार्यों की समीक्षा के दौरान इस पर ट्रैफिक जल्द शुरू कराने की तैयारी का आदेश दिया है। एक्सप्रेसवे के बाकी काम को जल्द से जल्द पूरा करवाकर आम जनता के लिए खोलने की बात कही गई है।
मंत्री ने की समीक्षा –
औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी ने गंगा एक्सप्रेसवे (Ganga Expressway News) के बाकी बचे कामों को जल्द पूरा कराने का आदेश दिया है। इसके साथ ही, प्रदेश में प्रस्तावित सभी नए एक्सप्रेसवे का हर हाल में शिलान्यास अक्तूबर में कराने का भी आदेश दिया है। मंत्री ने शनिवार को पिकप भवन में उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (UPEIDA) के कार्यों की समीक्षा बैठक में कहा कि मेरठ से प्रयागराज तक निर्माणाधीन प्रदेश के सबसे लंबे गंगा एक्सप्रेसवे के बचे हुए काम की नियमित मॉनिटरिंग की जाए।
समीक्षा के क्रम में जानकारी
समीक्षा के क्रम में अधिकारियों ने जानकारी देते हुए बताया है कि 594 किलोमीटर लंबे गंगा एक्सप्रेसवे (Ganga Expressway Latest News) के मेन कैरिजवे का निर्माण कार्य पूरा हो गया है। वाहनों का अवागमन शुरू होने से पहले अब सुरक्षात्मक उपायों पर विशेष रूप से कार्य किया जा रहा है। गंगा एक्सप्रेसवे पर पक्की बाउंड्रीवाल और मेटल बीम क्रैश बैरियर (Metal Beam Crash Barrier) का निर्माण कराया जा रहा है। इससे सुरक्षित तरीके से वाहनों का अवागमन हो सकेगा।
औद्योगिक विकास मंत्री (Industrial Development Minister) ने प्रदेश में नए प्रस्तावित अन्य एक्सप्रेसवे के शिलान्यास को लेकर भी अधिकारियों को निर्देश जारी किए। बैठक में प्रमुख सचिव औद्योगिक विकास आलोक कुमार, ACEO UPDA हरि प्रताप शाही, ACEO UPDA शशांक चौधरी आदि मौजूद रहे।
अक्टूबर तक इन एक्सप्रेसवे को शुरू करने का दिया गया निर्देश –
औद्योगिक विकास मंत्री ने नए प्रस्तावित एक्सप्रेसवे को इस साल अक्टूबर तक हर हाल में शुरू करने का आदेश दिया है। इन एक्सप्रेसवे के निर्माण से प्रदेश की आर्थिक और सामाजिक स्थिति में बड़ी क्रांति होगी। इनमें शामिल हैं- प्रस्तावित एक्सप्रेसवे की लिस्ट में विंध्य एक्सप्रेसवे, विंध्य-पूर्वांचल लिंक एक्सप्रेसवे, मेरठ-हरिद्वार लिंक एक्सप्रेसवे, चित्रकूट-रीवा लिंक एक्सप्रेसवे, चित्रकूट लखनऊ लिंक एक्सप्रेसवे (Agra-Lucknow Expressway से पूर्वांचल एक्सप्रेसवे, Farrukhabad Link Expressway (गंगा एक्सप्रेसवे से आगरा-लखनऊ लिंक एक्सप्रेसवे), जेवर लिंक एक्सप्रेसवे (यमुना एक्सप्रेसवे, जेवर एयरपोर्ट से गंगा एक्सप्रेस वाया बुलंदशहर) शामिल है।
