Gold Rate : सोने की कीमतों में पिछले काफी दिनों से उतार चढ़ाव देखने को मिल रहा है। साल 2025 में बंपर तेजी के बाद अब 2026 में गोल्ड के रेट तेजी से नीचे आए हैं। हालांकि MCX पर सोना तेजी से रिकवरी कर रहा है। लेकिन एक्सपर्ट का कहना है कि आने वाले दिनों में सोने में महा गिरावट देखने को मिल सकती है। एक्सपर्ट का कहना है कि सोना 90 हजार से 1 लाख रुपये प्रति दस ग्राम पर आ सकता है। आईये नीचे खबर में विस्तार से जानते हैं –
सोने में निवेश करने वाले और खरीदारों की टेंशन बढ़ती जा रही है। दरअसल, आए दिन सोनें की कीमतों में बड़ा फेरबदल देखने को मिल रहा है। कभी सोना अचानक हाई पर पहुंच जाता है तो वहीं कई बार तेजी से नीचे आ जाता है। ऐसे में सोने में निवेश करने वाले और खरीदारों के मन में कई तरह के सवाल उठ रहे हैं कि आने वाले दिनों में सोने का भाव (Sone ka bhav) कहां जाएंगा। इसकी चाल कैसी रहेगी। सोने की कीमतों को लेकर हाल ही में कई एक्सपर्ट ने अपनी राय दी है।
क्या 90 हजार से 1 लाख रुपये प्रति दस ग्राम होगा सोना –
मार्केट एक्सपर्ट्स एक अच्छी खबर लेकर आए हैं। शादी-ब्याह या किसी दूसरे शुभ काम के लिए लोग गहने खरीदते ही हैं। लेकिन, जो लोग बड़े पैमाने पर निवेश करना चाहते हैं, वे इस उलझन में हैं कि इस सोने में निवेश करें या नहीं। एक्सपर्ट्स का कहना है कि अब तक कट्टर दुश्मन रहे अमेरिका और रूस के बीच संबंधों में सुधार और व्यापार बढ़ने के बाद, अनुमान लगाया जा रहा है कि अगले साल सोने की कीमत (Gold Rate 2027) 90 हजार से 1 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम तक आ सकती है। अभी सोने का कारोबार 1,40,000 से 1,80,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के बीच हो रहा है, और एक्सपर्ट्स की राय है कि बड़े पैमाने पर निवेश न करना ही बेहतर है, क्योंकि इस समय बाजार में ज्यादा हलचल है ऐसे में नुकसान और प्रॉफिट दोनों के ही ज्यादा होने के चांस है।
पिछले कई दिनों से सोने की कीमतों (Gold Rate) में जबरदस्त तेजी देखने को मिल रही है। लेकिन अब धीरे धीरे रेट कम होने लगे हैं। इससे सोना पसंद करने वाले लोग काफी खुश हैं। लेकिन, जो लोग बड़ी मात्रा में निवेश करने की सोच रहे हैं, उनके लिए एक चिंता वाली खबर सामने आई है।
अंतराष्ट्रीय बाजार का हाल –
ब्लूमबर्ग का कहा है कि रूस-यूक्रेन युद्ध (Russia-Ukraine War) का खतरा कम होने के संकेत हैं, जिसके बाद रूस डॉलर में ही अपना व्यापार जारी रख सकता है। कहा जा रहा है कि इसका असर सोने की बढ़ती कीमतों पर पड़ना तय है। एक्सपर्ट्स ने यह भी राय दी है कि रूस और अमेरिका एक नए व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर कर सकते हैं, जिसमें फॉसिल फ्यूल, नेचुरल गैस, कच्चे तेल जैसे जरूरी उत्पादों के साथ सोना भी शामिल होगा। अगर सोने की बढ़ती कीमत अचानक गिरती है, तो इसकी कीमत मौजूदा कीमत से आधी भी हो सकती है।
आज सोने की कीमत –
आज 19 फरवरी बुधवार को 24 कैरेट सोने का रेट 1,53,430 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गया है, जो पिछले दिन के बाजार भाव से लगभग 1,570 रुपये अधिक है। वहीं, 22 कैरेट सोने की कीमत (22 carat gold price) 1,40,000 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गई है। भारत में सोने की कीमत पर अंतर्राष्ट्रीय बाजार का असर पड़ता है, और अमेरिकी डॉलर भी इसे प्रभावित करता है। सोने पर लगने वाला आयात शुल्क भी इसकी कीमतों में उतार-चढ़ाव का एक बड़ा कारण है।
सोने की कीमतों में गिरावट की उम्मीद थी। लेकिन यूएस फेडरल रिजर्व सेंट्रल बैंक (US Federal Reserve Central Bank) की गवर्नर मिशेल बर्र के मुताबिक, सेंट्रल बैंक कुछ और दिनों तक ब्याज दरों में बदलाव नहीं करेगा। हालांकि, शिकागो फेड के प्रेसिडेंट ऑस्टिन गूल्सबी के अनुसार, अगर इस साल के अंत में महंगाई दर उम्मीद के मुताबिक रहती है, तो कई बार रेट कट की उम्मीद की जा सकती है।
वहीं, चीनी बाजार में सोने की कीमत (Gold rate down) में गिरावट आई है, और लूनर न्यू ईयर की छुट्टियों के कारण ट्रेडिंग बंद थी। अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध का खतरा कम होने का असर भी सोने की कीमतों पर पड़ रहा है। कई अंतर्राष्ट्रीय व्यापारिक सौदों की प्रगति के आधार पर, आने वाले कुछ दिनों में सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा।
फेडरल पॉलिसी के मुताबिक, GOLD में उतार-चढ़ाव होगा। एक्सपर्ट्स थोक निवेशकों को सलाह दे रहे हैं कि वे अंतर्राष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमत को ध्यान में रखकर ही निवेश करें। सिर्फ भारतीय सोने की कीमत देखकर कोई भी फैसला न लेना ही बेहतर है।
