New Expressway in UP : उत्तर प्रदेश में प्रगति कार्य लगातार रफ्तार पकड़ रहा है। बता दें कि अब यहां पर एक और नया एक्सप्रेसवे बनाया जाने वाला है। इस एक्सप्रेसवे की लंबाई 747 किलोमीटर होगी। इसकी वजह से पंजाब से सीधे कनेक्टिविटी मिल जाएगी। आइए जानते हैं यूपी में बनने वाले इस एक्सप्रेसवे के बारे में।
यूपी में अब एक नया एक्सप्रेसवे बनाया जाने वाला है। ये एक्सप्रेसवे 747 किलोमीटर लंबा होने वाला है। इसकी वजह से यात्रियों को काफी लाभ होगा। साथ ही में रोजगार के भी नए नए मौके मिलने वाले हैं। आज हम आपको इस खबर के माध्यम से यूपी में बनने वाले इस एक्सप्रेसवे (UP New Expressway) के बारे में पूरी जानकारी देने जा रहे हैं। खबर में जानिये इस बारे में।
देश का सबसे ज्यादा एक्सप्रेसवे वाला राज्य है यूपी-
उत्तर प्रदेश सबसे ज्यादा एक्सप्रेसवे वाला राज्य बनकर (UP News) सामने आ रहा है। लगभग 15 एक्सप्रेसवे के साथ देश में टॉप पर काबिज है। हालांकि, इसमें कुछ संचालित एक्सप्रेसवे हैं और कुछ निर्माणाधीन तो कई प्रस्तावित एक्सप्रेसवे हैं, जोकि प्रदेश के साथ कई अन्य राज्यों तक सफर को काफी ज्यादा आसान बना देगा। इनमें से हरियाणा से पूर्वोंचल की राह आसान बनाने के लिए गोरखपुर-पानीपत तक नए एक्सप्रेसवे के निर्माण की कवायत शुरू हो चुकी है।
जमीन अधिग्रहण की हुई शुरुआत-
इसके लिए जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया (land acquisition process) की भी शुरुआत कर दी गई है। इस सड़क मार्ग के निर्माण से दोनों राज्यों के साथ दिल्ली-एनसीआर और पंजाब तक का सफर करना काफी ज्यादा आसान हो जाएगा। इससे ट्रेनों से निर्भरता भी काफी हद तक कम हो जाएगी। अगर, ये सड़क मार्ग तय समय में कंपलीट होता है तो उधर बिहार तक आसानी से आवागमन किया जा सकेगा। इसका मतलब है कि ये मार्ग उत्तर भारत के कई राज्यों के लिए काफी अहम साबित होने वाला है।
गोरखपुर-पानीपत एक्सप्रेसवे का होगा निर्माण-
गोरखपुर-पानीपत एक्सप्रेसवे के निर्माण (Gorakhpur-Panipat Expressway) के लिए गोरखपुर और बस्ती मंडल के 133 गांवों की जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा। ये एक्सप्रेसवे सिद्धार्थनगर के बांसी से प्रवेश करते हुए संतकबीरनगर के मेंहदावल, गोरखपुर के सदर एंक कैपियरगंज होते हुए कुशीनगर के हाटा तक निर्मित किया जाने वाला है। जानकारी के अनुसार, गोरखपुर मंडल में इस एक्सप्रेसवे की लंबाई लगभग 86.24 किलोमीटर होने वाली है।
गोरखपुर-बस्ती मंडल में एक्सप्रेसवे की इतनी होगी लंबाई-
फिलहाल, एक्सप्रेसवे कहां से गुजरेगा इसके लिए गोरखपुर-बस्ती मंडल में सर्वे का कार्य (UP News In Hindi) शुरू कर दिया गया है। इसके रूट पर पड़ने वाले सिद्धार्थनगर के बांसी के 37 गांवों में 16.69 किलोमीटर, मेंहदावल के 29 गांवों में 22.5 किलोमीटर, गोरखपुर सदर तहसील में 24 गावों, कैपियरगंज 22 गांवों में 34.22 किलोमीटर और हाटा के 21 गावों में 12.8 किलोमीटर सड़क का निर्माण कार्य किया जा रहा है। लिहाजा, जमीन के अधिग्रहण से संबंधित गावों के किसानों पर भारी भरकम मुआवजा मिलने वाला है।
गोरखपुर-पानीपत एक्सप्रेसवे का ये होगा रूट-
गोरखपुर-पानीपत एक्सप्रेसवे (Gorakhpur-Panipat Expressway) की कुल लंबाई 747 किलोमीटर के आसपास बताई जा रही है। इसके रूट में कुल 22 जिले पड़ रहे हैं। इस एक्सप्रेसवे गोरखपुर-शामली एक्सप्रेसवे भी कहा जा रहा है। ये शामली जिले के गोगवान जलालपुर के पास से शुरू होकर गोरखपुर तक प्रस्तावित रहे हैं। इसमें कुशीनगर, गोरखपुर, संतकबीरनगर, सिद्धार्थनगर, बलरामपुर, श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, लखनऊ, सीतापुर, हरदोई, शाहजहांपुर, बदायूं, रामपुर, बरेली, संभल, अमरोहा, मेरठ, बिजनौर, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर और शामली से होते हुए हरियाणा के पानीपत तक लगभग 22 जिलों से होकर गुजरने वाला है।
इस दिन से होगी शुरुआत-
Gorakhpur-Panipat Expressway पर 4 लेन, 6 या 8 लेन को प्रस्तावित किया गया है। फिलहाल, इसे 6 लेन का विकसित किया जा सकता है। भविष्य में इसे 8 लेन बनाने का प्रस्ताव रखा जा रहा है। इस मार्ग से दिल्ली-एनसीआर और उधर हरिद्वार जाने के लिए दूसरा नजदीकी एक्सप्रेसवे ले सकते हैं। इसकी वजह से निर्माण से यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा। जानकारी के अनुसार, इससे 3 से 4 साल में पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसका मतलब है कि 2028-29 तक इसको ट्रैफिक के लिए खोला जा सकता है।
गोरखपुर-पानीपत एक्सप्रेसवे को बनाने में आएगी इतनी लागत-
गोरखपुर से शामली तक निर्मित होने वाले इस एक्सप्रेसवे के लिए अनुमानित 35,000 करोड़ रुपये खर्च किए जा सकते हैं। शामली-गोरखपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर यूपी का तीसरा सबसे बड़ा ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे बनकर सामने आने वाला है। गोरखपुर-शामली एक्सप्रेस-वे पंजाब नार्थ ईस्ट कॉरिडोर का एक हिस्सा होगा। इस एक्सप्रेसवे से पूरे इलाके में रोड कनेक्टिविटी और व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने वाला है। साथ ही में एक्सप्रेसवे के किनारे तमाम औद्योगिक इकाइयां और होटल, रेस्टोरेंट इत्यादि के खुलने से लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार मिलने वाले हैं।
गोरखपुर-सिलीगुड़ी एक्सप्रेसवे से होगा कनेक्ट-
ये सड़क मार्ग पश्चिमी उत्तर प्रदेश में शामली में बुटराडा क्रास जंक्शन के पास दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे (Delhi-Dehradun Expressway) को कनेक्ट करने वाली है। फिलहाल, हरियाणा के अंबाला तक ग्रीनफील्ड इकनॉमिक कॉरिडोर एक्सप्रेसवे का निर्माण किया जा रहा है। इसको आगे पूर्वांचल की ओर गोरखपुर-सिलीगुड़ी एक्सप्रेसवे से जोड़ने का प्लान किया जा रहा है।
