8वां वेतन आयोग (8th Pay Commission)-जैसे ही ये शब्द सुनाई देते हैं, देशभर के लाखों केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के मन में एक नई उम्मीद जग जाती है। सोशल मीडिया से लेकर सरकारी दफ्तरों तक हर जगह यही चर्चा है-“इस बार कितनी सैलरी बढ़ेगी?
अभी तक सरकार की ओर से 8वें वेतन आयोग को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन रिपोर्ट्स और विश्लेषकों की मानें तो इसका ऐलान 2025 में हो सकता है और इसे 2026 से लागू किया जा सकता है।
आमतौर पर सैलरी बढ़ोतरी की चर्चा सबसे निचले स्तर यानी लेवल-1 से शुरू होती है, लेकिन लेवल-5 पर काम करने वाले कर्मचारी देश की प्रशासनिक मशीनरी की असली रीढ़ होते हैं। वे फील्ड ऑफिस, मंत्रालयों और विभागों में महत्वपूर्ण ज़िम्मेदारियाँ निभाते हैं। ऐसे में यह जरूरी है कि उनकी संभावित सैलरी बढ़ोतरी को भी बारीकी से समझा जाए।
मौजूदा स्थिति: लेवल-5 की सैलरी
वर्तमान में 7वें वेतन आयोग के अनुसार लेवल-5 की बेसिक सैलरी ₹29,200 प्रति माह है। इसमें अन्य भत्तों (जैसे HRA, DA आदि) को मिलाकर कुल सैलरी बनती है, लेकिन बेसिक ही आगे की गणना का आधार होती है।
1.92 फिटमेंट फैक्टर के आधार पर संभावित सैलरी (8वें वेतन आयोग में)
अगर 1.92 फिटमेंट फैक्टर लागू होता है, जो कि एक रूढ़िवादी अनुमान माना जा रहा है, तो:
नई बेसिक सैलरी = ₹29,200 × 1.92 = ₹56,064 प्रति माह
यानि सिर्फ बेसिक वेतन में ही करीब ₹26,864 का इजाफा हो सकता है।
अगर महंगाई भत्ता (DA), मकान किराया भत्ता (HRA) और अन्य सुविधाएं भी इसी अनुपात में बढ़ती हैं, तो कुल सैलरी में हर महीने ₹40,000 से ₹50,000 तक का अंतर आ सकता है।
अन्य अनुमानित फिटमेंट फैक्टर पर गणना:
यदि सरकार इससे अधिक उदार फिटमेंट फैक्टर को अपनाती है, जैसे:
2.08 फैक्टर पर: ₹29,200 × 2.08 = ₹60,736
2.86 फैक्टर पर: ₹29,200 × 2.86 = ₹83,512
नया बेसिक-पे क्या होगा? फिटमेंट फैक्टर कितना लगेगा? और इन सबके साथ HRA (मकान किराया भत्ता) और TA (यात्रा भत्ता) जुड़कर कुल नेट सैलरी कितनी बनेगी? अगर आपके मन में भी यही सब सवाल घूम रहे हैं, तो हम आपको आज बताएंगे कि ‘8th CPC Salary Calculator’ से कैसे अनुमानित बढ़ी हुई सैलरी का पूरा हिसाब-किताब देख सकते हैं.
फिटमेंट फैक्टर: सैलरी हाइक का ‘मास्टर की’
इससे पहले कि हम लेवल-5 की सैलरी का हिसाब लगाएं, यह समझना जरूरी है कि फिटमेंट फैक्टर क्या है. यह एक मल्टीप्लायर (गुणक) है, जिससे आपकी मौजूदा बेसिक सैलरी को गुणा करके नई बेसिक सैलरी तय की जाती है. यही आपकी सैलरी में उछाल का सबसे बड़ा कारण बनता है.
8वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर को लेकर अनुमान और संभावित सैलरी
सरकारी कर्मचारियों को हर वेतन आयोग से बड़ी उम्मीदें होती हैं। 7वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर 2.57 रखा गया था, जिसके आधार पर कर्मचारियों की सैलरी में बढ़ोतरी की गई थी। अब जब 8वें वेतन आयोग की चर्चा शुरू हो चुकी है, तो इस बार भी फिटमेंट फैक्टर को लेकर अटकलें लगाई जा रही हैं।
हालांकि सरकार की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन विभिन्न मीडिया रिपोर्ट्स और विशेषज्ञों के अनुमान के अनुसार, 8वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर 1.92, 2.08 और 2.86 के आसपास हो सकता है। यहां हम सबसे रूढ़िवादी यानी 1.92 फिटमेंट फैक्टर के आधार पर संभावित सैलरी की गणना करेंगे, साथ ही बाकी दो अनुमानित फैक्टर्स पर भी नज़र डालेंगे।
सभी वेतन स्तरों पर संभावित सैलरी एक नजर में:
1. लेवल 1:
वर्तमान बेसिक सैलरी ₹18,000 है।
1.92 फैक्टर पर: ₹34,560
2.08 फैक्टर पर: ₹37,440
2.86 फैक्टर पर: ₹51,480
2. लेवल 2:
वर्तमान बेसिक सैलरी ₹19,900 है।
1.92 फैक्टर पर: ₹38,208
2.08 फैक्टर पर: ₹41,392
2.86 फैक्टर पर: ₹56,914
3. लेवल 3:
वर्तमान बेसिक सैलरी ₹21,700 है।
1.92 फैक्टर पर: ₹41,664
2.08 फैक्टर पर: ₹45,136
2.86 फैक्टर पर: ₹62,062
4. लेवल 4:
वर्तमान बेसिक सैलरी ₹25,500 है।
1.92 फैक्टर पर: ₹48,960
2.08 फैक्टर पर: ₹53,040
2.86 फैक्टर पर: ₹72,930
5. लेवल 5:
वर्तमान बेसिक सैलरी ₹29,200 है।
1.92 फैक्टर पर: ₹56,064
2.08 फैक्टर पर: ₹60,736
2.86 फैक्टर पर: ₹83,512
6. लेवल 6:
वर्तमान बेसिक सैलरी ₹35,400 है।
1.92 फैक्टर पर: ₹67,968
2.08 फैक्टर पर: ₹73,632
2.86 फैक्टर पर: ₹1,01,244
7. लेवल 7:
वर्तमान बेसिक सैलरी ₹44,900 है।
1.92 फैक्टर पर: ₹86,208
2.08 फैक्टर पर: ₹93,392
2.86 फैक्टर पर: ₹1,28,414
निष्कर्ष: अगर 8वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर 1.92 भी रखा जाता है, तो भी सरकारी कर्मचारियों की बेसिक सैलरी में 90% से अधिक की बढ़ोतरी हो सकती है। वहीं अगर 2.86 जैसा ऊंचा फैक्टर तय होता है, तो सैलरी में जबरदस्त उछाल देखने को मिलेगा। कर्मचारियों को अब बस आधिकारिक घोषणा का इंतजार है, जो अगले कुछ महीनों में आ सकती है।