Gold Silver Price : सोने की कीमतों में पिछले काफी दिनों से बंपर तेजी देखने को मिल रही थी। लेकिन अब अचानक सोना सस्ता हो गया है। आज 30 दिसंबर को सोने में गिरावट दर्ज की गई है। निवेशकों के लिए यह एक बड़ा झटका है तो वहीं खरीदारों में खुशी का माहौल है और यह नीचे खबर में जानते हैं। आज कितना गिरा सोना –
सोने और चांदी के भाव में पिछले कई महीनो से ही बढ़ोतरी का दौर जारी है। लेकिन अब लंबे समय के बाद सोने की कीमतों पर ब्रेक लगा है। आज 30 दिसंबर को गोल्ड में गिरावट (Gold Rate Down) आई है। आज सुबह एमसीएक्स पर सोना 0.25% महंगा होकर 1,40,228 प्रति 10 ग्राम पर जा पहुंचा था। लेकिन सोने में यह तेजी लंबे समय तक बरकरार नहीं रही और 1:30 बजे तक गोल्ड 1400 प्रति 10 ग्राम सस्ता हो गया।
सोने के साथ चांदी में भी आई गिरावट –
वहीं, आए दिन नई ऊंचाइयों पर पहुंच रही चांदी (Silver Rate Down) भी अब धड़ाम से नीचे आ गिरी है। सोने के मुकाबले चांदी की कीमतों में पिछले काफी दिनों से ज्यादा उछाल देखने को मिला है। मार्च कॉन्ट्रैक्ट वाली चांदी की कीमत (Silver Rate) 2287 रुपए कम होकर 2,37,539 रुपए प्रति किलोग्राम हो गई है। एमसीएक्स पर भी मार्च वायदा वाली चांदी का रेट 5.99% बढ़कर 2,54,174 रुपए प्रति किलोग्राम के सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गई है।
सोने में लगातार मजबूत हो रहा निवेश –
सोने और चांदी में (Gold Silver Investment) लगातार मजबूत निवेश हो रहा है क्योंकि बढ़ती ग्लोबल अनिश्चित जियो पोलिटिकल जोखिम और सेंट्रल बैंक के फैसले नए साल में पोर्टफोलियो की पोजीशन को प्रभावित किया है। सुना अब सैफ हेवन एसेट बन गया है। वहीं चांदी मौजूद साइकिल में ज्यादा बीटा वाला बेहतर परफॉर्मर बंद करो भर रही है जिसे जोखिम से बचाव की मांग और सप्लाई की कमी के बीच मजबूत इंडस्ट्रियल मांग का सपोर्ट मिल रहा है। चलते चांदी की कीमतें (Silver Rate Hike) साथ में आसमान पर पहुंच गई है।
इस वजह से अचानक सस्ता हुआ सोना –
लेकिन प्रॉफिट अब सोने (Sone ka bhav) में मुनाफावसूली करने लगे हैं जिसके चलते अचानक कीमतों में गिरावट देखने को मिल रही है। भले ही हाल के हफ्तों में ज्यादा डिमांड और कम सप्लाई के कारण सफेद धातु और सोने की कीमतों में ऐतिहासिक बढ़ौतरी हुई है। लेकिन मार्केट एनालिस्ट इसे संभावित बबल बता रहे हैं लिहाजा इन्वेस्टर और ट्रेडर आज चांदी के रेट (Silver Rate) और आज चांदी की कीमत दोनों पर करीब से नजर रख रहे हैं, क्योंकि ग्लोबल आर्थिक हालात और जियोपॉलिटिकल टेंशन कीमती धातुओं के बाजारों को प्रभावित कर रहे हैं।
