MP के पशुपालकों को मुर्रा भैंस का वितरण अनुदान पर किया गया है, जिससे मुर्रा भैंस उन्हें बेहद सस्ते दामों पर मिली है। आइए जानते हैं पूरी योजना के बारे में।
मुर्रा भैंस पर कितना अनुदान मिलता है
MP में पशुपालकों को भैंस पर भारी भरकम अनुदान दिया जा रहा है, जिससे उन्हें कम दाम में मुर्रा भैंस मिल रही है। दूध उत्पादन और डेरी खोलने के लिए मुर्रा भैंस सबसे अच्छा विकल्प मानी जाती है। मुर्रा भैंस ज्यादा दूध देने वाली नस्ल है।आपको बता दें कि MP में मुर्रा भैंस पर 50 से 75 प्रतिशत तक अनुदान दिया जा रहा है। मुर्रा भैंस की कीमत लगभग 2 लाख 95 हजार रुपये तक बताई जा रही है, जो अनुदान के बाद आधी से भी कम कीमत में पशुपालकों को पड़ रही है। आइए जानते हैं कि मुर्रा भैंस का वितरण कहां पर हुआ है।
डेरी प्लस योजना
मध्य प्रदेश में चलाई जा रही डेरी प्लस योजना के तहत पशुपालकों को लाभ दिया जा रहा है। इस योजना के अंतर्गत 10 हितग्राहियों का चयन किया गया था और उन्हें दो-दो मुर्रा भैंस दी गई हैं। यानी कुल 20 मुर्रा भैंस का वितरण किया गया है। इस योजना में पशुपालकों को यह सुविधा दी गई कि वे अपनी पसंद के अनुसार भैंस का चयन कर सकें। इसके लिए वे करनाल, हरियाणा गए थे। वहां उन्होंने भैंस का चयन किया। पशु चिकित्सा सहायक भी उनके साथ मौजूद थे, जिन्होंने पशुओं पर टैग लगाए।इसके बाद भैंस छिंदवाड़ा के इमलीखेड़ा डेरी फार्म पहुंची और फिर उनका वितरण किया गया। इसमें विकासखंड छिंदवाड़ा में पांच, मोहखेड़ में तीन और बिछुआ में दो हितग्राहियों को मुर्रा भैंस मिली है।
पशुपालकों की पसंदीदा योजना
यह योजना पशुपालकों की पसंदीदा योजना बन चुकी है, जिससे उन्हें काफी फायदा हो रहा है। पशुपालकों का कहना है कि इस योजना में भैंस चुनने का मौका मिलता है, जिससे वे अपनी पसंद की भैंस ले पाते हैं। थोड़ा बहुत खर्च करने के बाद भी उन्हें अच्छी नस्ल की भैंस मिल रही है, इसलिए वे इस योजना से संतुष्ट हैं।
