Mustard Price Update: नमस्कार किसान साथियों, बीते सप्ताह 29 दिसंबर से 3 जनवरी के बीच देश की प्रमुख थोक मंडियों में सरसों की कीमते तकरीबन स्थिर रही । वहीं सरसों तेल और खल कीमतों पर दबाव दिखा। विशेषज्ञों का मानना है कि साल की समाप्ति और नए साल के आगमन के कारण कारोबार में सामान्य मंदी रही, जिसका असर कीमतों पर साफ नजर आया।
दिल्ली-जयपुर में 42% कंडीशन सरसों के दाम स्थिर
देश की दो सबसे बड़ी मंडियों में 42 प्रतिशत कंडीशन वाली सरसों के दामों में कोई बदलाव नहीं आया। दिल्ली में यह 6900 रुपए प्रति क्विंटल और जयपुर में 7100 रुपए प्रति क्विंटल पर स्थिर बनी रही। सामान्य औसत क्वालिटी वाली सरसों में भी बड़ा उतार-चढ़ाव नहीं देखा गया। हालांकि सभी मंडियों में सरसों का भाव अभी भी सरकारी समर्थन मूल्य से ऊपर चल रहा है, जिससे किसानों को राहत मिली है। उत्तर प्रदेश के आगरा और हापुड़ जैसे प्रमुख केंद्रों में हफ्ते के दौरान 25-50 रुपए प्रति क्विंटल की सुधार दर्ज किया गया ।
सरसों तेल के दाम में गिरावट का दबाव
कमजोर कारोबारी सप्ताह के बीच सरसों तेल (mustard oil price) में नरमी का रुख बना रहा। दिल्ली के एक्सपेलर में भाव 5 रुपए फिसलकर 1410 रुपए प्रति 10 किलो पर आ गया, जबकि मुंबई और लुधियाना में 20-20 रुपए की कटौती के बाद भाव क्रमशः 1460 रुपए और 1410 रुपए प्रति 10 किलो रह गया। कोटा की कच्ची घानी सरसों तेल की कीमतों में 65 रुपए की भारी गिरावट दर्ज की गई, जिससे यह 1405 रुपए प्रति 10 किलो पर आ गया। जानकारों का कहना है कि मांग में सुस्ती और स्टॉकिस्टों की सतर्कता ने तेल की कीमतों को नीचे खींचा।
ऑफ सीजन में स्टॉक की सीमित उपलब्धता
फिलहाल सरसों की आपूर्ति का ऑफ सीजन चल रहा है। उत्पादकों, व्यापारियों, तेल मिलर्स और निर्यातकों के पास सीमित स्टॉक बचा है। लेकिन अगले महीने से नई सरसों की आवक शुरू होने की उम्मीद है, जिसे देखते हुए जनवरी में किसान अपने स्टॉक की बिक्री बढ़ाने का प्रयास कर सकते हैं। चालू सीजन में सरसों के रकबे में अच्छी बढ़ोतरी और फसल की संतोषजनक हालत से बाजार में उत्पादन अच्छे होने के संकेत मिल रहे हैं। इससे आने वाले महीनों में कीमतों पर स्थिरता बनी रहने की उम्मीद है।
सरसों खल और डीओसी कीमतों में भारी गिरावट
सरसों खल (mustard cake) और DOC में कारोबार कमजोर रहा, जिससे कीमतों में 80-100 रुपए प्रति क्विंटल तक की गिरावट देखी गई। कानपुर में एक प्लांट में सरसों डीओसी का भाव 200 रुपए गिरकर 21300 रुपए प्रति टन रह गया। समीक्षाधीन सप्ताह वर्ष 2025 की समाप्ति और वर्ष 2026 के आगमन का समय था, इसलिए कारोबारी सतर्कता बनी रही।
