हर महीने की पहली तारीख को देश भर में कई बड़े बदलाव होते हैं। 1 सितंबर 2025 से आपके रोज़मर्रा के खर्च और पैसों से जुड़े कई नियम बदलने वाले हैं। इन बदलावों का सीधा असर आपकी जेब पर पड़ेगा। चाहे आप चांदी खरीदने की सोच रहे हों, एसबीआई क्रेडिट कार्ड इस्तेमाल करने की सोच रहे हों या फिर रसोई गैस सिलेंडर खरीदने की, आपके लिए इन नए नियमों को जानना बेहद ज़रूरी है। आइए जानते हैं कि अगले महीने होने वाले कौन से बड़े बदलाव होंगे और उनका आम आदमी पर क्या असर होगा।
जीएसटी में बड़ा बदलाव, चीजें होंगी सस्ती
सितंबर में जीएसटी व्यवस्था में बड़ा सुधार होने की संभावना है। जीएसटी परिषद की 56वीं बैठक 3 और 4 सितंबर 2025 को नई दिल्ली में होने वाली है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, टैक्स स्लैब में बदलाव हो सकता है। मौजूदा चार टैक्स स्लैब (5%, 12%, 18%, 28%) की जगह अब सिर्फ़ दो स्लैब (5% और 12%) हो सकते हैं। अगर ऐसा होता है, तो इसका सीधा फ़ायदा आम आदमी को होगा और रोज़मर्रा की कई चीज़ें सस्ती हो सकती हैं।

चांदी के नियमों में बदलाव
1 सितंबर से चांदी पर हॉलमार्किंग लागू हो सकती है। इसका मतलब है कि अब ग्राहक आसानी से चांदी की शुद्धता और गुणवत्ता की पहचान कर सकेंगे। इससे चांदी में निवेश और आभूषणों की खरीदारी में और पारदर्शिता आएगी। इस बदलाव से चांदी का बाजार और विश्वसनीय बनेगा और इसकी कीमतों पर भी असर पड़ सकता है।
एसबीआई क्रेडिट कार्ड नियमों में बदलाव
अगर आपके पास स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) का लाइफस्टाइल होम सेंटर SBI कार्ड या उसका कोई चुनिंदा वर्ज़न है, तो आपके लिए एक ज़रूरी खबर है। 1 सितंबर से आपको डिजिटल गेमिंग और सरकारी पोर्टल्स पर किए गए भुगतान पर रिवॉर्ड पॉइंट नहीं मिलेंगे। इसके अलावा, बिल भुगतान, ईंधन खरीद या ऑनलाइन शॉपिंग पर भी शुल्क बढ़ सकता है। ऑटो-डेबिट फेल होने पर 2% पेनल्टी और अंतरराष्ट्रीय लेनदेन पर अतिरिक्त शुल्क भी लग सकता है।
अन्य महत्वपूर्ण परिवर्तन जो आपकी जेब पर असर डालेंगे
LPG Cylinder Price: हर महीने की पहली तारीख को LPG सिलेंडर की कीमतों में बदलाव होता है। 1 सितंबर को तेल कंपनियां घरेलू और कमर्शियल सिलेंडर की नई कीमतें तय करेंगी। अगर कीमतें बढ़ती हैं, तो आपके रसोई के बजट पर असर पड़ेगा।
जन धन खाताधारकों के लिए केवाईसी
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने कहा है कि प्रधानमंत्री जनधन योजना के खाताधारकों को 30 सितंबर तक दोबारा केवाईसी (अपने ग्राहक को जानो) करवाना होगा। इसके लिए सार्वजनिक बैंकों द्वारा पंचायत स्तर पर शिविर लगाए जा रहे हैं।
आयकर रिटर्न (आईटीआर) की अंतिम तिथि

आकलन वर्ष 2025-26 के लिए आयकर रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तिथि 15 सितंबर, 2025 है। जिन लोगों ने अभी तक अपना आईटीआर दाखिल नहीं किया है, उन्हें जल्द से जल्द ऐसा कर लेना चाहिए, अन्यथा बाद में मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
बैंकों में 15 दिन की छुट्टी
सितंबर महीने में कई त्योहारों के कारण सप्ताहांत की छुट्टियों सहित कुल 15 दिन बैंक बंद रहेंगे। अगर आपको बैंक से जुड़ा कोई काम है तो उसे पहले ही निपटा लें।
इस तरह 1 सितंबर से आपके दैनिक जीवन और खर्चों में कई बदलाव देखने को मिलेंगे। इन बदलावों को समझने के बाद ही कोई भी वित्तीय फैसला लें।