New City In UP : यूपी में पिछले काफी समय से प्रगति कार्य रफ्तार पकड़ रहा है। अब योगी सरकार ने एक और अपडेट जारी किया है। अब यूपी में एक नया शहर बसाया जाने वाला है। इस नए शहर के निर्माण के लिए कई गांव की भूमि का अधिग्रहण भी होने वाला है। आइए जानते हैं यूपी के इस नए शहर की लोकेशन के बारे में पूरी जानकारी।
उत्तर प्रदेश भारत का सबसे ज्यादा आबादी वाला राज्य है। ऐसे में प्रदेशवासियों को बेहतर आवास की सुविधा देने के लिए योगी सरकार अब नए-नए शहरों का निर्माण कर रही है। अब यूपी (New City In UP) में एक और नया शहर डेवलप किया जाएगा।
यह शहर हाईटेक सुविधाओं से लैस होगा। इसमें प्रदेशवासियों को कई लग्जरी आवासीय सुविधा मिलेगी। चलिए जानते हैं कब शुरू होगा नया शहर का निर्माणकार्य।
ये होगा यूपी के इस नए शहर का नाम
उत्तर प्रदेश के शहरी विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक बदलाव देखा जा रहा है। योगी सरकार (UP Goverment) ने दिल्ली-NCR क्षेत्र को एक और नया शहर देने की योजना पर तेज़ी से काम होना शुरू कर दिया है। दिल्ली से सटे गाजियाबाद जिले के मुरादनगर क्षेत्र में बनने वाले इस नए शहर का नाम “ग्रेटर गाजियाबाद” (Greater Ghaziabad) रहने वाला है।
मेगा प्रोजेक्ट की तैयार हुई रूपरेखा
ग्रेटर गाजियाबाद आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, सुव्यवस्थित प्रशासन और रोजगार सृजन की दृष्टि से एक मॉडल शहर बनने जा रहा है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Greater Ghaziabad Project) के निर्देश पर इस मेगा प्रोजेक्ट की रूपरेखा तैयार की जा चुकी है। इसके अलावा जिला प्रशासन सहित संबंधित विभाग इसमें मिलकर कार्य कर रहे हैं।
20 गांवों की भूमि का होगा अधिग्रहण
ग्रेटर गाजियाबाद की नींव गाजियाबाद जिले के मुरादनगर क्षेत्र में रखी जा रही है। पहले जहां सिर्फ 13 गांवों को शामिल करने की योजना थी, वहीं हालिया सर्वे के बाद यह संख्या बढ़ाकर लगभग 20 गांव कर दी गई है। इस प्रस्तावित शहर (Greater Ghaziabad Kab Banyga) में कुल 175 वार्ड होंगे और इसमें मुरादनगर के साथ-साथ खोड़ा, लोनी और डासना नगर पंचायत जैसे क्षेत्रों को भी जोड़ा जाने वाला है।
अधिकारी द्वारा होगा नेतृत्व
नए शहर के प्रशासनिक प्रबंधन के लिए एक ठोस व्यवस्था को भी प्रस्तावित कर दिया गया है। ग्रेटर गाजियाबाद को कमिश्नरेट सिस्टम (Latest Update on Greater Ghaziabad) के तहत चलाया जाने वाला है।
इसका नेतृत्व सचिव स्तर के अधिकारी द्वारा किया जाने वाला है। इसके अतिरिक्त, शहर को तीन ज़ोन में विभाजित किया जाएगा और हर ज़ोन का प्रभारी एक आईएएस अधिकारी होगा।
2031 में तैयार होगा मास्टर प्लान
इस मेगा सिटी प्रोजेक्ट को गाजियाबाद, लोनी, मुरादनगर और मोदीनगर के 2031 मास्टर प्लान में शामिल किया गया है। अब सड़क नेटवर्क और मौजूदा विकास क्षेत्र के आधार पर ग्रेटर गाजियाबाद (Greater Ghaziabad News) की सीमाओं को तय किया जाने वाला है। जिला प्रशासन नई सीमाओं और क्षेत्रों की विस्तृत जानकारी को संकलित कर रहा है ताकि विकास योजनाएं व्यवस्थित, व्यावहारिक और टिकाऊ बनाई जा सके।
यूपी में रोजगार को भी मिलेगा तगड़ा इजाफा
फिलहाल सभी विभागों ने संबंधित क्षेत्रों का सर्वेक्षण कार्य लगभग पूरा कर लिया गया है। इसकी रिपोर्टें अब अंतिम चरण पर पहुंच गई है। इसके बाद सीमांकन, प्रशासनिक ढांचे और नगर विकास की योजनाओं (UP Goverment New Project) को अंतिम रूप दिया जाने वाला है। नए शहर में बेहतर सड़कें, सार्वजनिक परिवहन, अंडरपास, ट्रेनों के स्टॉपेज, और अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर सुविधाएं विकसित की जाने वाली है।
स्मार्ट सिटी बनेगा ग्रेटर गाजियाबाद
मास्टर प्लान के अंतर्गत शहर में आवासीय, व्यावसायिक और औद्योगिक क्षेत्रों के विकास को प्राथमिकता दी जा रही है। ग्रेटर गाजियाबाद के रूप में दिल्ली-NCR (Delhi NCR New City) को एक आधुनिक, सुव्यवस्थित और रोजगारमुखी शहर बनने वाला है। आने वाले सालों में यह नया शहर न सिर्फ गाजियाबाद बल्कि पूरे उत्तर भारत के लिए एक रोल मॉडल स्मार्ट सिटी बन सकता है।