हैदराबाद: आईपीएल 2026 में सनराइजर्स हैदराबाद ने राजीव गांधी इंटरनेशनल स्टेडियम में बल्लेबाजी का ऐसा तूफान खड़ा किया, जिसने रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के गेंदबाजों की पूरी रणनीति बिगाड़ दी। पहले बल्लेबाजी करते हुए SRH ने 20 ओवर में 4 विकेट खोकर 255 रन ठोक दिए और अब RCB के सामने जीत के लिए 256 रनों का विशाल लक्ष्य है।
हालांकि मुकाबला सिर्फ जीत-हार तक सीमित नहीं है। इस मैच का असर पॉइंट्स टेबल और टॉप-2 की रेस पर भी पड़ने वाला है। ऐसे में RCB के लिए नेट रन रेट का गणित बेहद अहम हो गया है।
SRH बल्लेबाजों ने मचाया रन तूफान
सनराइजर्स हैदराबाद की बल्लेबाजी इस मुकाबले में पूरी तरह आक्रामक नजर आई। टीम के स्टार बल्लेबाजों ने शुरुआत से ही RCB के गेंदबाजों पर दबाव बना दिया।
अभिषेक शर्मा की तूफानी शुरुआत
ओपनर अभिषेक शर्मा ने सिर्फ 22 गेंदों में 56 रन ठोककर हैदराबाद को विस्फोटक शुरुआत दिलाई। उन्होंने पावरप्ले में ही मैच का रुख बदल दिया।
ईशान किशन का दमदार अर्धशतक
अभिषेक के बाद ईशान किशन ने भी शानदार बल्लेबाजी की और 79 रनों की तेज पारी खेली। उन्होंने मैदान के हर हिस्से में शॉट लगाए और स्कोर को तेजी से आगे बढ़ाया।
क्लासेन ने डेथ ओवर्स में मचाया कहर
हेनरिक क्लासेन ने आखिरी ओवरों में RCB गेंदबाजों की जमकर धुनाई की। उनकी विस्फोटक बल्लेबाजी की वजह से SRH 250 रन के आंकड़े को पार करने में सफल रही।
पावरप्ले में फ्लॉप रही RCB की गेंदबाजी
RCB के अनुभवी गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार और जोश हेजलवुड पावरप्ले में असर छोड़ने में नाकाम रहे। शुरुआती छह ओवरों में विकेट नहीं मिलने का SRH बल्लेबाजों ने पूरा फायदा उठाया।
RCB की गेंदबाजी पूरी तरह दबाव में दिखी और हैदराबाद के बल्लेबाजों ने लगातार बड़े शॉट खेलते हुए स्कोर को पहाड़ जैसा बना दिया।
टॉप-2 के लिए क्या है RCB का समीकरण?
256 रन का लक्ष्य हासिल करना आसान नहीं होगा, लेकिन अगर RCB मैच हार भी जाती है, तब भी उसके पास टॉप-2 में बने रहने का मौका रहेगा।
RCB को कम से कम कितने रन बनाने होंगे?
नेट रन रेट के हिसाब से टॉप-2 की स्थिति मजबूत बनाए रखने के लिए RCB को इस मुकाबले में कम से कम 166 रन बनाने जरूरी हैं।
अगर टीम इस स्कोर तक पहुंच जाती है, तो हार के बावजूद उसका नेट रन रेट इतना खराब नहीं होगा कि वह टॉप-2 से बाहर हो जाए।
क्यों अहम है टॉप-2 में रहना?
IPL प्लेऑफ में टॉप-2 में रहने वाली टीमों को बड़ा फायदा मिलता है। ऐसी टीमें सीधे क्वालिफायर-1 खेलती हैं और फाइनल में पहुंचने के लिए उनके पास दो मौके होते हैं।
यही वजह है कि RCB के लिए इस मुकाबले में सिर्फ जीत ही नहीं, बल्कि रन रेट भी बेहद महत्वपूर्ण बन गया है।
अब विराट कोहली पर टिकी नजरें
इतने बड़े लक्ष्य का पीछा करने के लिए RCB को विराट कोहली समेत अपने स्टार बल्लेबाजों से बड़ी पारियों की उम्मीद होगी। चिन्नास्वामी की बल्लेबाजी फ्रेंडली पिच पर फैंस को एक और हाई स्कोरिंग मुकाबला देखने को मिल सकता है।
अब देखना दिलचस्प होगा कि RCB इस चुनौतीपूर्ण लक्ष्य का पीछा करते हुए इतिहास रच पाती है या नहीं।
