देशभर में एलपीजी गैस सिलेंडर इस्तेमाल करने वाले करोड़ों उपभोक्ताओं के लिए बड़ा अपडेट सामने आया है। Indian Oil Corporation की इंडेन, Hindustan Petroleum Corporation Limited की HP Gas और Bharat Petroleum Corporation Limited की भारत गैस ने गैस बुकिंग, डिलीवरी और PNG कनेक्शन से जुड़े कई अहम नियमों में बदलाव किया है।
सरकार और तेल कंपनियों की नई एडवाइजरी के मुताबिक अब e-KYC, DAC कोड और सुरक्षा जांच जैसे नियमों को अनिवार्य किया जा रहा है। अगर उपभोक्ता इन नए नियमों का पालन नहीं करते हैं, तो गैस सप्लाई और सब्सिडी प्रभावित हो सकती है।
भारत गैस ने दिया फ्री PNG कनेक्शन ऑफर
भारत गैस संचालित करने वाली BPCL ने ग्राहकों को पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) अपनाने के लिए खास ऑफर शुरू किया था। कंपनी ने बिना किसी शुरुआती शुल्क के PNG कनेक्शन देने की सुविधा शुरू की थी।
इस योजना के तहत ग्राहकों को इंस्टॉलेशन चार्ज एकमुश्त नहीं देना था, बल्कि हर महीने के बिल में लगभग ₹1 प्रतिदिन के हिसाब से भुगतान करना था। हालांकि यह ऑफर सीमित अवधि के लिए लागू था।
HP Gas और Indane ने क्या कहा?
HPCL ने साफ किया है कि देशभर में LPG की सप्लाई सामान्य बनी हुई है और पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। कंपनी ने लोगों से अनावश्यक गैस स्टॉक न करने की अपील की है।
वहीं इंडेन गैस की सप्लाई संभालने वाली IOCL ने भी कहा है कि उनकी टीमें 24 घंटे काम कर रही हैं ताकि किसी उपभोक्ता को गैस की कमी का सामना न करना पड़े।
LPG से जुड़े 7 बड़े नियम बदल गए
1. बायोमेट्रिक e-KYC हुआ जरूरी
सरकार ने घरेलू गैस सिलेंडरों के गलत और व्यावसायिक इस्तेमाल को रोकने के लिए बायोमेट्रिक e-KYC अनिवार्य कर दिया है।
अगर आपने अभी तक आधार लिंक और e-KYC पूरी नहीं की है, तो:
- LPG सब्सिडी रुक सकती है
- सिलेंडर बुकिंग में दिक्कत हो सकती है
- कनेक्शन अस्थायी रूप से ब्लॉक हो सकता है
उपभोक्ता गैस एजेंसी या मोबाइल ऐप के जरिए KYC अपडेट कर सकते हैं।
2. अब डिलीवरी के समय देना होगा DAC कोड
गैस सिलेंडर चोरी और फर्जी डिलीवरी रोकने के लिए अब Delivery Authentication Code (DAC) सिस्टम सख्ती से लागू किया जा रहा है।
कैसे काम करेगा DAC सिस्टम?
- सिलेंडर बुकिंग के बाद ग्राहक के मोबाइल पर 4 अंकों का कोड आएगा
- डिलीवरी बॉय को वही कोड बताना होगा
- कोड वेरिफिकेशन के बाद ही डिलीवरी पूरी मानी जाएगी
इसलिए गैस कनेक्शन में सही मोबाइल नंबर अपडेट होना बेहद जरूरी है।
3. एक नाम पर एक से ज्यादा कनेक्शन नहीं
नई गाइडलाइन के अनुसार:
- एक व्यक्ति या एक पते पर मल्टीपल घरेलू LPG कनेक्शन मान्य नहीं होंगे
- तेल कंपनियां सॉफ्टवेयर से डुप्लीकेट कनेक्शन पहचान रही हैं
- अतिरिक्त कनेक्शन ब्लॉक किए जा सकते हैं
अगर आपके नाम पर दो कंपनियों के गैस कनेक्शन हैं, तो एक सरेंडर करना पड़ सकता है।
4. डिजिटल बुकिंग को मिलेगा ज्यादा महत्व
तेल कंपनियां अब ऑनलाइन और डिजिटल गैस बुकिंग को बढ़ावा दे रही हैं।
अब इन प्लेटफॉर्म से होगी आसान बुकिंग:
- UMANG App
- IndianOil One App
- My HP Gas App
डिजिटल पेमेंट और ऐप बुकिंग करने वाले ग्राहकों को तेज डिलीवरी और विशेष ऑफर्स भी मिल सकते हैं।
5. हर 5 साल में अनिवार्य सुरक्षा जांच
घरेलू LPG कनेक्शन की अब हर पांच साल में एक बार अनिवार्य सुरक्षा जांच होगी।
इस दौरान अधिकृत मैकेनिक:
- गैस पाइप
- रेगुलेटर
- स्टोव
की जांच करेगा।
अगर कोई ग्राहक सुरक्षा जांच नहीं करवाता है, तो गैस सप्लाई अस्थायी रूप से बंद की जा सकती है।
6. PNG लेने वालों के लिए नया नियम
जिन इलाकों में PNG सेवा शुरू हो चुकी है और उपभोक्ता ने PNG कनेक्शन ले लिया है, वहां रियायती घरेलू LPG रखने के नियम सख्त किए गए हैं।
नई गाइडलाइन के मुताबिक:
- PNG शुरू होने के बाद LPG सिलेंडर सरेंडर करना पड़ सकता है
- या “सेफ कस्टडी” विकल्प चुनना होगा
- एक साथ PNG और सब्सिडी वाला LPG इस्तेमाल प्रतिबंधित किया जा सकता है
7. घरेलू सिलेंडर के व्यावसायिक इस्तेमाल पर सख्ती
सरकार ने घरेलू गैस सिलेंडर के कमर्शियल इस्तेमाल पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
अगर कोई:
- होटल
- शादी समारोह
- दुकान
- व्यवसायिक स्थान
पर घरेलू सिलेंडर इस्तेमाल करते पकड़ा जाता है, तो:
- भारी जुर्माना लग सकता है
- गैस कनेक्शन स्थायी रूप से रद्द हो सकता है
क्यों किए गए ये बदलाव?
सरकार और तेल कंपनियों का कहना है कि इन नए नियमों का उद्देश्य:
- गैस चोरी रोकना
- सब्सिडी का सही उपयोग सुनिश्चित करना
- सुरक्षा बढ़ाना
- फर्जी कनेक्शन खत्म करना
- डिजिटल सेवाओं को बढ़ावा देना
है।
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में LPG सेवाएं पूरी तरह डिजिटल और ज्यादा सुरक्षित बनाई जाएंगी।
