केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स के बीच इस समय सबसे बड़ा सवाल यही है कि 8वें वेतन आयोग के तहत बढ़ी हुई सैलरी और पेंशन आखिर कब से लागू होगी। अब इसको लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है, जिससे कर्मचारियों को संभावित टाइमलाइन का अंदाजा मिलने लगा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर सबकुछ तय समय के अनुसार चलता है, तो कर्मचारियों को नई सैलरी के लिए बहुत लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
कब लागू हो सकती है नई सैलरी?
केंद्र सरकार ने अक्टूबर 2025 में 8वें वेतन आयोग के गठन को मंजूरी दी थी, जबकि नवंबर 2025 में इसका आधिकारिक गजट नोटिफिकेशन जारी किया गया।
सरकार ने आयोग को अपनी रिपोर्ट सौंपने के लिए 18 महीने का समय दिया है। इस हिसाब से आयोग की अंतिम रिपोर्ट अप्रैल या मई 2027 तक सरकार को सौंपी जा सकती है।
अप्रैल 2027 से मिल सकता है फायदा?
जानकारों के मुताबिक यदि आयोग अपना काम तय समय से थोड़ा पहले पूरा कर लेता है और रिपोर्ट कुछ महीने पहले जमा हो जाती है, तो अप्रैल 2027 से बढ़ी हुई सैलरी और पेंशन लागू होने की संभावना बन सकती है।
अप्रैल का महीना इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि इसी समय नए वित्तीय वर्ष की शुरुआत होती है। ऐसे में सरकार नई वेतन संरचना लागू करने के लिए इस समय को उपयुक्त मान सकती है।
कर्मचारी यूनियनें क्या मांग कर रही हैं?
लगातार बढ़ती महंगाई ने सरकारी कर्मचारियों की चिंता बढ़ा दी है। पेट्रोल-डीजल, LPG सिलेंडर, दूध, सब्जियां, खाने का तेल, बच्चों की पढ़ाई और इलाज का खर्च लगातार बढ़ रहा है।
कर्मचारी संगठनों का कहना है कि केवल हर छह महीने में मिलने वाला DA अब पर्याप्त नहीं रह गया है। इसी वजह से यूनियनें 8वें वेतन आयोग के सामने कई बड़ी मांगें रख रही हैं।
कर्मचारियों की प्रमुख मांगें
- फिटमेंट फैक्टर में बड़ा इजाफा किया जाए
- न्यूनतम बेसिक सैलरी बढ़ाई जाए
- मौजूदा DA को बेसिक वेतन में मर्ज किया जाए
- पेंशनर्स की पेंशन का दोबारा रिवीजन हो
- बढ़ती महंगाई को देखते हुए वेतन संरचना में बड़ा सुधार किया जाए
देशभर में चल रही हैं कंसल्टेशन मीटिंग्स
8वें वेतन आयोग की ओर से अलग-अलग राज्यों में कर्मचारी संगठनों के साथ चर्चा का दौर जारी है। आयोग अंतिम रिपोर्ट तैयार करने से पहले विभिन्न विभागों और यूनियनों से सुझाव ले रहा है।
दिल्ली में 28 से 30 अप्रैल के बीच पहली बड़ी बैठक हो चुकी है। इसके बाद:
- हैदराबाद
- श्रीनगर
- लद्दाख
जैसे शहरों में भी आगे की बैठकें प्रस्तावित हैं।
कर्मचारियों और पेंशनर्स की बढ़ीं उम्मीदें
लगातार बढ़ती महंगाई और जीवनयापन की बढ़ती लागत के बीच लाखों केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स को उम्मीद है कि 8वां वेतन आयोग उनके लिए बड़ी राहत लेकर आएगा।
अब सभी की नजर आयोग की अगली बैठकों और सरकार की आधिकारिक घोषणा पर टिकी हुई है, क्योंकि यही फैसला आने वाले वर्षों में कर्मचारियों की सैलरी और पेंशन की दिशा तय करेगा।
