देशभर में सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए महंगाई भत्ते (DA) को लेकर लगातार अच्छी खबरें सामने आ रही हैं। ओडिशा, बिहार और तमिलनाडु सरकारें पहले ही डीए बढ़ाने की घोषणा कर चुकी हैं। अब पश्चिम बंगाल के सरकारी कर्मचारियों की नजरें 18 मई को होने वाली राज्य कैबिनेट बैठक पर टिकी हुई हैं। माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी का बड़ा ऐलान कर सकते हैं।
केंद्र सरकार द्वारा हाल ही में केंद्रीय कर्मचारियों का डीए बढ़ाए जाने के बाद कई राज्य सरकारें भी अपने कर्मचारियों और पेंशनर्स को राहत देने के कदम उठा रही हैं। ऐसे में पश्चिम बंगाल से भी सकारात्मक घोषणा की उम्मीद की जा रही है।
ओडिशा सरकार ने DA और DR में किया इजाफा
ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने 15 मई को राज्य कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए महंगाई भत्ता (DA) और महंगाई राहत (DR) में 2 प्रतिशत बढ़ोतरी की घोषणा की। इस फैसले के बाद कर्मचारियों का डीए 58 प्रतिशत से बढ़कर 60 प्रतिशत हो गया है।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि नई दरें 1 जनवरी 2026 से लागू होंगी। इसका फायदा कर्मचारियों को एरियर के रूप में भी मिलेगा। इस निर्णय से करीब 8.5 लाख कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को लाभ पहुंचने की उम्मीद है।
बिहार सरकार ने भी बढ़ाया महंगाई भत्ता
बिहार कैबिनेट ने भी सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स के डीए में बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। 6वें वेतन आयोग के तहत वेतन पाने वाले कर्मचारियों और पेंशनर्स के महंगाई भत्ते में 5 प्रतिशत की वृद्धि की गई है। इसके बाद उनका डीए 257 प्रतिशत से बढ़कर 262 प्रतिशत हो गया है।
वहीं, 5वें वेतन आयोग के कर्मचारियों के लिए डीए में 9 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है, जिससे उनका महंगाई भत्ता 474 प्रतिशत से बढ़कर 483 प्रतिशत हो गया है।
इसके अलावा 7वें वेतन आयोग के तहत आने वाले कर्मचारियों का डीए 58 प्रतिशत से बढ़ाकर 60 प्रतिशत कर दिया गया है। नई दरें 1 जनवरी 2026 से प्रभावी मानी जाएंगी।
पश्चिम बंगाल के कर्मचारियों को अब फैसले का इंतजार
पश्चिम बंगाल में सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स को अब राज्य सरकार के अगले फैसले का इंतजार है। 18 मई को होने वाली कैबिनेट बैठक में डीए बढ़ोतरी पर चर्चा होने की संभावना जताई जा रही है। अगर सरकार इस पर मुहर लगाती है, तो लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को सीधा फायदा मिलेगा।
