Gold Silver Price Today: लगातार तीसरे दिन गिरा सोना-चांदी, चांदी ₹3000 टूटी; जानें ताजा रेट
देश के सर्राफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट का सिलसिला जारी है। शुक्रवार को भी दोनों कीमती धातुओं के दाम में कमी दर्ज की गई, जिससे यह लगातार तीसरा दिन बन गया जब बाजार में नरमी देखने को मिली।
विशेषज्ञों के मुताबिक, अमेरिकी डॉलर की मजबूती ने सोने की कीमतों पर दबाव बनाया है, जबकि चांदी में और भी तेज गिरावट देखी गई।
📉 कितनी गिरी सोने और चांदी की कीमत?
All India Sarafa Association के अनुसार:
- 24 कैरेट सोना (99.9% शुद्धता): ₹200 घटकर ₹1,55,900 प्रति 10 ग्राम
- चांदी: ₹3,000 टूटकर ₹2,47,000 प्रति किलोग्राम
इससे पहले, सोना ₹1,56,100 और चांदी ₹2,50,000 प्रति किलो के स्तर पर बंद हुई थी।
📊 गिरावट की मुख्य वजह क्या है?
बाजार जानकारों का कहना है कि सोने-चांदी में आई इस गिरावट के पीछे कई अहम कारण हैं:
- अमेरिकी डॉलर के मजबूत होने से सोने की मांग कम हुई
- बॉन्ड यील्ड में स्थिरता ने निवेशकों को अन्य एसेट्स की ओर आकर्षित किया
- पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव से बाजार में अनिश्चितता बनी हुई है
HDFC Securities के वरिष्ठ विश्लेषक सौमिल गांधी के मुताबिक, होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास चल रहे तनाव और ईंधन की बढ़ती कीमतों ने भी बाजार पर दबाव बढ़ाया है।
🌍 अंतरराष्ट्रीय बाजार का हाल
वैश्विक स्तर पर हल्की मजबूती देखने को मिली है:
- स्पॉट गोल्ड: करीब 4,708 डॉलर प्रति औंस
- स्पॉट सिल्वर: लगभग 75.96 डॉलर प्रति औंस
हालांकि, घरेलू बाजार पर अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों और मुद्रा के उतार-चढ़ाव का ज्यादा असर पड़ा है।
🔮 आगे क्या रह सकता है ट्रेंड?
विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक पश्चिम एशिया की स्थिति सामान्य नहीं होती, तब तक सोने और चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।
- LKP Securities के विश्लेषक जतीन त्रिवेदी के अनुसार, बाजार में फिलहाल अस्थिरता बनी रहेगी
- Kotak Securities की कायनात चैनवाला का कहना है कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व की आगामी बैठक बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएगी
💡 निवेशकों के लिए संकेत
शॉर्ट टर्म में कीमतों में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है, लेकिन लॉन्ग टर्म निवेश के लिहाज से सोना और चांदी अभी भी महत्वपूर्ण विकल्प माने जाते हैं।
⚠️ डिस्क्लेमर
यह जानकारी केवल सामान्य सूचना के उद्देश्य से दी गई है। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें, क्योंकि बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है।
